देश के कई राज्यों में एच1एन1 वायरस के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं। दिल्ली, मुंबई, केरल और मध्य प्रदेश में एच1एन1 (स्वाइन फ्लू) संक्रमण की रफ्तार तेजी से बढ़ रही है। हालांकि बढ़ते संक्रमण को देखते हुए केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा ने अधिकारियों के साथ बैठक कर स्थिति की समीक्षा की।
दिल्ली में छह अगस्त तक एच1एन1 के 1344 मामले सामने आए थे। उस समय यह संख्या पिछले वर्ष की समान अवधि के 229 मामलों की तुलना में करीब छह गुना थी। 20 अगस्त तक मामले बढ़कर 1777 हो गए। 20 अगस्त को दिल्ली में इन्फ्लुएंजा के कुल 159 नए मामले सामने आए, जिनमें 114 एच1एन1 के थे।
इंदौर में एक महिला की मौत
मध्य प्रदेश में एच1एन1 के 1,349 मामले सामने आए हैं। वहीं, उज्जैन की 62 वर्षीय महिला सरोज जिनका इंदौर के एक निजी अस्पताल में इलाज चल रहा था और कथित तौर पर उनमें एच1एन1 संक्रमण की पुष्टि हुई थी, उनकी 1 इंदौर के मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (सीएमएचओ) डॉ. माधव हसनी ने बताया कि महिला को इंदौर के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जिनकी बाद में मौत हो गई थी। मुख्यमंत्री ने बताया कि उन्होंने अस्पताल प्रबंधन से बातचीत की, जिसने शुरू में मरीज के एच1एन1 संक्रमण की स्थिति के बारे में जानकारी नहीं दी। प्रबंधन ने बाद में स्वास्थ्य विभाग को सूचित किया कि मरीज का एच1एन1 संक्रमण परीक्षण पॉजिटिव आया था।
मुंबई में मामले बढ़े
मुंबई में भी बढ़ोतरी साफ दिख रही है। बृहन्मुंबई महानगरपालिका (बीएमसी) के अनुसार 1 जून से 15 अगस्त के बीच 309 एच1एन1 मामले आए, जबकि 2025 में इसी अवधि में सिर्फ 72 मामले थे।
बेंगलुरु में सामने आए 500 से ज्यादा मामले
बेंगलुरु में क्लैरेंस हाई स्कूल में इन्फ्लुएंजा जैसे लक्षण वाले 500 से ज्यादा मामले सामने आए, जिनमें दो कन्फर्म एच1एन1 के थे। इंदिरा गांधी इंस्टीट्यूट ऑफ चाइल्ड हेल्थ में रोज दो-तीन बच्चों में एच1एन1 की पुष्टि हो रही है। चेन्नई में भी बच्चों में संक्रमण बढ़ने की खबरें हैं।
ये हैं लक्षण
एच1एन1 इन्फ्लुएंजा ए का एक सबटाइप है। इसके लक्षणों में बुखार या कंपकंपी, खांसी, गले में खराश, नाक बहना या बंद होना, सिरदर्द, थकान और शरीर में दर्द शामिल हैं। कुछ मरीजों में उल्टी और दस्त भी हो सकते हैं।

